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इजराइल को नफरत की नज़र से देख रही पूरी दुनिया, उठ रही ‘फ्री फिलिस्तीन’ की मांग

रमज़ान का अंतिम जुमा यानी जुमतुल विदा के करीब आने और अरब देशों जैसे सऊदी अरब के ज़ायोनी शासन के साथ संबंधों के उजागर होने के साथ ही पूरी दुनिया में इजरायल के अपराधों पर निंदा तीव्र हो गई है।
ऐसा लगता है कि इजरायल के अपराधों के विरुद्ध इमाम खुमैनी की उठने वाली आवाज और दुनिया के लाखों महिलाओं और पुरुषों के मुह से निकल रही है और इसने आज़ादी की इच्छा को तीव्रता के साथ जगा दिया है।

इसी को देखते हुए पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया विशेषकर ट्विटर पर पूरी दुनिया के कुद्स रक्षकों की तरफ़ से कुद्स के समर्थन में ट्वीट का तूफान आया हुआ है, और फ़िलिस्तीन के समर्थन और इजरायल के विरुद्ध हैशटैग ट्विटर पर ट्रेंड कर रहा है।

पूरी दुनिया में सोशल मीडिया कार्यक्रताओं ने (#حتی _زوال_اسرائیل) और #DeleteIsrael जैसे हैशटैग पर खूब ट्वीट किए हैं और यह दोनों हैशटैग इस समय दुनिया के अधिकतर देशों में टाप ट्रेंड कर रहे हैं।

इन हैशटैगों में लाखों ट्वीट, पोस्टर, मुससलमानों पर इजरायल के अपराधों और फ़िलिस्तीनों की मज़लूमियत को दर्शाते फोटो शेयर किए गए हैं।

ट्विटर पर आने वाले दुनिया भर के मुसलमानों और स्वतंत्र आत्मा रखने वालों का दुख और क्रोध और इजरायल की समाप्ति की उनकी इच्छा को इन सोशल मीडिया पर देखा जा सकता है, इस प्रकार कि कल रात से अब तक सबसे अधिक ट्वीट इसी हैशटैग पर हुए हैं, कल रात से दुनिया भर की जागरुक जनता इजरायल के मिट जाने के लिए आवाज़ लगा रही है। यह कैंपेन अब भी जारी है।

ट्विटर पर किसी संगठन के समर्थन के बिना चलने वाला यह कैंपेन कल रात से अब तक पाकिस्तान, भारत, ईरान, यमन, इराक़, बहरीन, लेबनान, मिस्र, अफगानिस्तान और कुछ अमरीकी और यूरोपीय देशों में जोर शोर से जारी है।

उल्लेखनीय है कि पिछले कुछ दशकों से फ़िलिस्तीन की पीड़ित जनता पर इजरायल की बर्बरता और हिंसा जारी है। पिछले 70 सालों में इजरायल की बर्बरता से अब तक लाखों फ़िलिस्तीनियों के घायल और मारे गए हैं, और फ़िलिस्तीनियों की एक बड़ी संख्या अपना देश छोड़ने पर विवश हुई है।

इजरायल के अपराधों पर विरोध व्यक्त करने के लिए दुनिया भर की स्वतंत्र आत्मा रखने वाली जनता ने सोशल मीडिया पर कैंपेन जारी कर रखा है, और अब वह समय आ गया है कि जब जागरुक जनता का आंदोलन रूढ़िवादी सत्ताधारियों की नींद उड़ा दे।